गुरुग्राम। हरियाणा के गुरुग्राम जिले में सोमवार रात एक बड़ा हादसा हो गया। गांव सिद्रावली स्थित सिग्नेचर टावर सोसाइटी में अचानक दीवार गिरने से कम से कम 5 मजदूरों की मौत हो गई, जबकि कई अन्य मजदूरों के मलबे में दबे होने की आशंका जताई जा रही है। घटना के बाद पूरे इलाके में हड़कंप मच गया।
जानकारी के अनुसार हादसा सोमवार देर रात उस समय हुआ जब सोसाइटी परिसर में काम चल रहा था। इसी दौरान अचानक दीवार भरभराकर गिर गई और वहां मौजूद मजदूर मलबे के नीचे दब गए।
राहत और बचाव कार्य जारी
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और SDRF (State Disaster Response Force) की टीमें तुरंत मौके पर पहुंच गईं। बचाव दल ने मलबे में दबे लोगों को निकालने के लिए राहत और बचाव कार्य शुरू कर दिया है।
अब तक 7 मजदूरों के शव मलबे से बाहर निकाले जा चुके हैं, जबकि कई अन्य मजदूरों के अभी भी मलबे में दबे होने की आशंका है। उन्हें सुरक्षित निकालने के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन लगातार जारी है।
एम्बुलेंस की मदद से उन्हें राजस्थान के भिवाड़ी स्थित जिला अस्पताल ले लाया गया। जहां डॉक्टरों ने सतीश, भागीरथ, मिलन, मंगोल, शिव शंकर, परमेश्वर समेत सात मजदूरों को मृत घोषित कर दिया, जबकि चार मजदूर छोटेलाल, शिवकांत, दीन दयाल, इंद्रजीत की हालत गंभीर है। इनका अस्पताल में ही इलाज चल रहा है। मृतक और घायल मजदूर उत्तर प्रदेश और नेपाल के रहने वाले हैं।
थाना प्रभारी बोले- रेस्क्यू ऑपरेशन जारी
बिलासपुर थाना के प्रभारी सुनील कुमार ने बताया कि फिलहाल पूरे मामले की जांच की जा रही है। साथ ही राहत-बचाव कर रही टीमें मिट्टी में और मजदूरों की भी तलाश कर रही हैं।
मौके पर पहुंचीं एम्बुलेंस और प्रशासनिक अधिकारी
हादसे की सूचना मिलते ही कई एम्बुलेंस भी मौके पर पहुंच गईं, ताकि घायल मजदूरों को तुरंत अस्पताल पहुंचाया जा सके। पुलिस और प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी भी घटनास्थल पर मौजूद हैं और स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं।
हादसे के कारणों की जांच शुरू
फिलहाल यह साफ नहीं हो पाया है कि दीवार गिरने की वजह क्या थी। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और सोसाइटी को संचालित करने वाले बिल्डर से भी पूछताछ की जा सकती है।
स्थानीय लोगों के अनुसार सिग्नेचर टावर सोसाइटी का संचालन बिल्डर द्वारा किया जाता है और वहीं पर निर्माण कार्य चल रहा था, जिसके दौरान यह हादसा हुआ।
इलाके में पसरा मातम
इस दर्दनाक हादसे के बाद मजदूरों के परिजनों में शोक की लहर दौड़ गई है। प्रशासन की ओर से मृतकों की पहचान और उनके परिवारों को सूचना देने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
